Full Story

मोतिहारी। बिहार में पूर्वी चंपारण जिले के मोतीहारी शहर के पंचमंदिर चौक स्थित प्रसिद्ध कपड़ा प्रतिष्ठान ‘एम.एस. त्रिदेव वस्त्रालय’ पर वाणिज्य-कर विभाग की संयुक्त टीम ने छापेमारी की है। जांच के दौरान दस्तावेजों और स्टॉक में वित्तीय विसंगतियों के संकेत मिलने के बाद प्रतिष्ठान संचालक ने मौके पर ही 40 लाख रुपये जीएसटी (वस्तु एवं सेवा कर) के रूप में सरकारी खाते में जमा कराए। अब विभाग लेखा-पुस्तकों और वास्तविक स्टॉक का मिलान कर रहा है। दुकान से गोदाम तक खंगाला स्टॉक वाणिज्य-कर आयुक्त-सह-सचिव, पटना के निर्देश पर हुई कार्रवाई में जीएसटी विभाग, मोतिहारी और अन्वेषण ब्यूरो, मुजफ्फरपुर की विशेष टीम शामिल रही। अधिकारियों ने प्रतिष्ठान के दस्तावेजों की जांच के साथ दुकान और गोदामों में मौजूद माल का भौतिक सत्यापन किया। जांच के दौरान करोड़ों रुपये के स्टॉक को खंगाला गया। विभाग की प्रारंभिक जांच में खरीद-बिक्री के अभिलेखों, स्टॉक रजिस्टर, इनवॉयस और दाखिल किए गए जीएसटी रिटर्न में दिखाए गए टर्नओवर के बीच बड़ा अंतर मिलने की बात सामने आई है। मूल्यवर्धन पर जीएसटी भुगतान की जांच अधिकारियों के मुताबिक, व्यापारी खरीद मूल्य पर सकल लाभ यानी वैल्यू एडिशन जोड़कर माल बेच रहा था। जांच में इस मूल्यवर्धन पर नकद देय जीएसटी के भुगतान में गंभीर अनियमितताओं के संकेत मिले हैं। हालांकि विभाग की पूरी जांच अभी जारी है। लेखा-पुस्तकों और मौके पर मिले वास्तविक स्टॉक का मिलान पूरा होने के बाद ही टैक्स देनदारी और अन्य कार्रवाई की अंतिम तस्वीर स्पष्ट होगी। छापे के बीच जमा हुए 40 लाख राज्य-कर संयुक्त आयुक्त (प्रभारी), मोतिहारी संतोष कुमार के मुताबिक, निरीक्षण के दौरान व्यापारी की ओर से 40 लाख रुपये जीएसटी के तौर पर तत्काल जमा कराए गए हैं। उन्होंने बताया कि फिलहाल वास्तविक स्टॉक और लेखा-पुस्तकों का मिलान किया जा रहा है। जांच रिपोर्ट पूरी होने के बाद नियमानुसार शेष कर की गणना की जाएगी। अभी और बढ़ सकती है टैक्स देनदारी विभाग की जांच केवल मौके पर जमा कराए गए 40 लाख रुपये तक सीमित नहीं है। पूरी जांच के बाद यदि अतिरिक्त कर देनदारी सामने आती है तो शेष टैक्स के साथ ब्याज और जुर्माने का भी निर्धारण किया जाएगा और नियमानुसार उसकी वसूली की जाएगी। इस कारण प्रतिष्ठान पर अंतिम वित्तीय देनदारी कितनी बनेगी, इसका फैसला जांच पूरी होने के बाद होगा। कारोबारियों को विभाग की चेतावनी कार्रवाई के बाद अधिकारियों ने जिले के कारोबारियों को अपना सही टर्नओवर दिखाने और समय पर नियमानुसार टैक्स जमा करने की अपील की है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि टैक्स संबंधी नियमों का पालन नहीं करने पर दंडात्मक कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।