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मुंबई। कच्चे तेल की कीमतों में तेजी और आईटी तथा एफएमसीजी शेयरों में भारी बिकवाली के कारण घरेलू शेयर बाजार सोमवार को लगातार दूसरे दिन गिरावट के साथ बंद हुए। बीएसई सेंसेक्स 78 हजार अंक के नीचे फिसल गया, जबकि एनएसई निफ्टी भी 24,300 के स्तर से नीचे बंद हुआ। 550 अंक से ज्यादा टूटा सेंसेक्स सेंसेक्स ने कारोबार की शुरुआत 116 अंक की गिरावट के साथ की और पूरे दिन लाल निशान में बना रहा। एक समय यह 550 अंक से अधिक टूट गया था, लेकिन निचले स्तरों से कुछ खरीदारी लौटने के कारण नुकसान सीमित हुआ। अंत में सेंसेक्स 281.09 अंक यानी 0.36 प्रतिशत गिरकर 77,728.16 अंक पर बंद हुआ। निफ्टी-50 भी 78.35 अंक यानी 0.32 प्रतिशत फिसलकर 24,287.65 अंक पर आ गया। दोनों प्रमुख सूचकांकों का यह 29 जुलाई के बाद का सबसे निचला बंद स्तर है। बड़े शेयर दबाव में, छोटे शेयरों ने संभाला मोर्चा प्रमुख सूचकांकों में कमजोरी के बावजूद व्यापक बाजार में तस्वीर कुछ बेहतर रही। निफ्टी मिडकैप-50 सूचकांक 0.10 प्रतिशत और स्मॉलकैप-100 सूचकांक 0.36 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुआ। इससे साफ है कि बिकवाली का सबसे ज्यादा दबाव बड़ी कंपनियों के शेयरों पर रहा, जबकि मझोली और छोटी कंपनियों में चुनिंदा खरीदारी बनी रही। आईटी शेयरों में सबसे ज्यादा बिकवाली सेक्टर के स्तर पर आईटी सूचकांक 1.75 प्रतिशत गिरकर सबसे बड़ा नुकसान उठाने वाला समूह रहा। एफएमसीजी सूचकांक भी 1.05 प्रतिशत टूट गया। इसके अलावा फार्मा, सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक, स्वास्थ्य सेवा और टिकाऊ उपभोक्ता उत्पादों से जुड़े शेयरों में भी कमजोरी देखने को मिली। इसके विपरीत रियल्टी सूचकांक 1.46 प्रतिशत और मेटल सूचकांक 1.26 प्रतिशत चढ़ा। इंफोसिस और एचसीएल टेक में बड़ी गिरावट सेंसेक्स की कंपनियों में इंफोसिस और एचसीएल टेक्नोलॉजीज के शेयर ढाई प्रतिशत से अधिक टूट गए। सन फार्मा में भी दो प्रतिशत से ज्यादा की गिरावट दर्ज की गई। टीसीएस, टेक महिंद्रा, आईटीसी, ट्रेंट, एनटीपीसी, हिंदुस्तान यूनिलीवर, भारती एयरटेल, महिंद्रा एंड महिंद्रा और बजाज फिनसर्व के शेयर एक से दो प्रतिशत तक गिर गए। इंडिगो, अल्ट्राटेक सीमेंट, एशियन पेंट्स, मारुति सुजुकी, भारतीय स्टेट बैंक और कोटक महिंद्रा बैंक के शेयर भी लाल निशान में बंद हुए। टाटा स्टील और एक्सिस बैंक ने दी राहत बाजार की गिरावट के बीच कुछ दिग्गज शेयरों ने मजबूती दिखाई। टाटा स्टील का शेयर करीब डेढ़ प्रतिशत चढ़ा, जबकि एक्सिस बैंक में करीब एक प्रतिशत की बढ़त रही। रिलायंस इंडस्ट्रीज, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड, एचडीएफसी बैंक और लार्सन एंड टुब्रो के शेयर भी हरे निशान में बंद हुए। कच्चे तेल की चाल पर टिकी नजर बाजार पर कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों का दबाव साफ दिखाई दिया। महंगा क्रूड भारत जैसे बड़े तेल आयातक देश के लिए महंगाई और आयात बिल की चिंता बढ़ाता है। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले सत्रों में बाजार की दिशा कच्चे तेल, वैश्विक संकेतों और विदेशी निवेशकों की गतिविधियों से तय होगी। फिलहाल आईटी शेयरों की कमजोरी और बड़े शेयरों में बिकवाली ने बाजार के मूड को सतर्क बना दिया है।