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नई दिल्ली। इंडिया की अग्रणी ऑटोमोबाइल कंपनी टाटा मोटर्स ने अपनी बहुप्रतीक्षित प्रीमियम इलेक्ट्रिक कार सीरीज अविन्या रेंज के आगामी वाहनों को विकसित करने के लिए जगुआर लैंड रोवर की ईएमए (इलेक्ट्रिफाइड मॉड्यूलर आर्किटेक्चर) प्लेटफॉर्म के बजाय फ्रीलैंडर प्लेटफॉर्म का सहारा लेने जा रही है। इस रणनीतिक बदलाव से अविन्या प्रोजेक्ट की रफ्तार बढ़ने और लंबे समय से इंतजार कर रहे ग्राहकों को जल्द नई प्रीमियम ईवी मिलने की उम्मीद है। अविन्या एक्स होगी नई रणनीति की पहली झलक रिपोर्ट्स के मुताबिक, सबसे पहले अविन्या एक्स को नए फ्रीलैंडर प्लेटफॉर्म पर तैयार किया जाएगा। इस प्रीमियम इलेक्ट्रिक एसयूवी को वर्ष 2027 में भारतीय बाजार में लॉन्च किए जाने की संभावना है। गौरतलब है कि ऑटो एक्सपो 2025 में पेश किए गए अविन्या एक्स कॉन्सेप्ट को शानदार प्रतिक्रिया मिली थी, लेकिन विकास प्रक्रिया में हो रही देरी के कारण इसकी लॉन्च टाइमलाइन लगातार आगे खिसक रही थी। अब टाटा मोटर्स नई तकनीकी साझेदारी के जरिए इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट को तेज गति से उत्पादन चरण तक पहुंचाने की तैयारी में है। चीन से आएंगी सीकेडी किट्स, तमिलनाडु में होगी असेंबली फ्रीलैंडर प्लेटफॉर्म को चेरी और जगुआर लैंड रोवर के संयुक्त उपक्रम चेरी-जेएलआर द्वारा विकसित किया गया है। शुरुआती चरण में इस प्लेटफॉर्म पर आधारित अविन्या मॉडल्स की सीकेडी (कम्प्लीटली नॉक्ड डाउन) किट्स चीन से भारत लाई जाएंगी। इसके बाद इन्हें टाटा मोटर्स के नए तमिलनाडु प्लांट में असेंबल किया जाएगा। कंपनी का फोकस धीरे-धीरे लोकलाइजेशन बढ़ाने पर भी रहेगा, जिससे उत्पादन लागत कम होगी और ग्राहकों को अधिक प्रतिस्पर्धी कीमत पर प्रीमियम इलेक्ट्रिक वाहन मिल सकेंगे। चार नई प्रीमियम ईवी लाने की तैयारी नई प्लेटफॉर्म रणनीति का सबसे बड़ा फायदा विकास लागत और लॉन्च टाइम में कमी के रूप में देखने को मिलेगा। रिपोर्ट के अनुसार टाटा मोटर्स अविन्या ब्रांड के तहत कुल चार प्रीमियम इलेक्ट्रिक वाहन लॉन्च करने की योजना पर काम कर रही है। * पहला मॉडल – 2027 * दूसरा मॉडल – 2029 तक * इसके बाद दो और प्रीमियम ईवी लाइनअप में शामिल होंगी इससे कंपनी इंडियन प्रीमियम इलेक्ट्रिक वाहन सेगमेंट में अपनी पकड़ और मजबूत करना चाहती है। क्या यह सिर्फ अस्थायी समाधान है? दिलचस्प बात यह है कि फ्रीलैंडर प्लेटफॉर्म को फिलहाल एक इंटरिम (अस्थायी) समाधान माना जा रहा है। टाटा मोटर्स समानांतर रूप से अपनी पूरी तरह स्वदेशी और समर्पित ईवी आर्किटेक्चर विकसित करने पर भी काम कर रही है। कंपनी का लक्ष्य वर्ष 2030 तक अपनी कुल वाहन बिक्री में इलेक्ट्रिक वाहनों की हिस्सेदारी को 30 प्रतिशत तक पहुंचाना है। अविन्या प्रोजेक्ट में फ्रीलैंडर प्लेटफॉर्म की एंट्री टाटा मोटर्स के लिए एक गेम-चेंजर साबित हो सकती है। इससे न केवल प्रीमियम ईवी की लॉन्चिंग तेज होगी बल्कि कंपनी को वैश्विक तकनीक और स्थानीय उत्पादन के बेहतरीन संयोजन का फायदा भी मिलेगा। आने वाले वर्षों में अविन्या ब्रांड इंडियन ईवी मार्केट में नई पहचान बना सकता है।



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