Full Story

मुंबई। ‘फुकरे’ से शुरू हुई पुलकित सम्राट और अली फजल की दोस्ती आज भी उतनी ही मजबूत दिखाई देती है। ‘मिर्जापुर’ में अली फजल को मिली बड़ी सफलता पर पुलकित ने अपने दोस्त और को-स्टार के लिए सोशल मीडिया पर भावुक संदेश लिखा है। उन्होंने अली के संघर्ष से लेकर मेहनत और उस ‘जिद’ तक को याद किया, जिसे वह वर्षों से बेहद करीब से देखते आए हैं। पुलकित ने गर्व जताते हुए कहा, “तुम पर बहुत गर्व है भाई!” ‘मैंने तुम्हारी खामोशियां भी देखी हैं और तुम्हारी पुकार भी’ पुलकित का संदेश महज बधाई तक सीमित नहीं रहा। उन्होंने उन मुश्किल दिनों को भी याद किया, जिनसे गुजरते हुए अली ने अपनी सफलता का सफर तय किया। अपनी खुशी जाहिर करते हुए पुलकित ने लिखा, “मुझे तुम पर बेहद गर्व है, भाई! मैंने तुम्हारी खामोशियां भी देखी हैं और तुम्हारी पुकार भी। मैंने तुम्हारी मेहनत, तुम्हारा दर्द और सबसे बढ़कर तुम्हारी ज़िद देखी है।” इन शब्दों के जरिए पुलकित ने उस लंबे सफर की ओर इशारा किया, जिसे उन्होंने अपने दोस्त के बेहद करीब रहकर देखा है। ‘तुम्हारी जिद और कड़ी मेहनत ने भौकाल मचा दिया’ पुलकित ने अली की कामयाबी को उनकी मेहनत और लगातार आगे बढ़ने की जिद से जोड़ते हुए अपने ही अंदाज में ‘मिर्जापुर’ का रंग भी संदेश में घोल दिया। उन्होंने लिखा, “बधाई हो! तुम्हारी ज़िद और कड़ी मेहनत ने मिलकर सचमुच भौकाल मचा दिया है। ढेर सारा प्यार, सिर्फ प्यार, भाई!” उनका यह संदेश सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है और दोनों कलाकारों के बीच गहरी दोस्ती और आपसी सम्मान को सामने ला रहा है। 13 साल पहले ‘फुकरे’ में मिले, दोस्ती आज भी बरकरार पुलकित सम्राट और अली फज़ल ने करीब 13 साल पहले ‘फुकरे’ में साथ काम किया था। इसके बाद दोनों का रिश्ता केवल प्रोफेशनल साथ तक सीमित नहीं रहा, बल्कि मजबूत दोस्ती में बदल गया। अब अली की सफलता पर पुलकित के शब्द उसी पुराने रिश्ते की झलक पेश करते हैं। उनकी पोस्ट में दोस्त की उपलब्धि की खुशी के साथ उन वर्षों की मेहनत और संघर्ष के प्रति सम्मान भी नजर आता है। मां, ऋचा और जूनी का भी किया खास जिक्र अली की सफलता का जश्न मनाते हुए पुलकित उन लोगों को भी नहीं भूले, जो इस सफर में उनके साथ खड़े रहे। उन्होंने अली की जिंदगी की खास महिलाओं का जिक्र करते हुए लिखा, “और जाहिर है, यह सब तुम्हारी ज़िंदगी की उन खास महिलाओं के बिना संभव नहीं हो पाता, जैसे मां, ऋचा और ज़ूनी!” इस तरह पुलकित ने अपने संदेश में दोस्त की मेहनत के साथ परिवार और करीबियों के योगदान को भी सम्मान दिया। एक ‘फुकरे’ भाई का दूसरे ‘फुकरे’ भाई के नाम प्यार पुलकित की पोस्ट दोस्त की सफलता पर औपचारिक बधाई से कहीं आगे जाती दिखाई देती है। इसमें दोस्ती, संघर्ष, मेहनत और सफलता के पीछे मजबूती से खड़े रहने वाले लोगों के प्रति सम्मान की भावना है। हैशटैग ‘मिर्जापुर’ के साथ खत्म हुई उनकी पोस्ट उस गर्व को बयां करती है, जो एक ‘फुकरे’ भाई को दूसरे ‘फुकरे’ भाई की कामयाबी देखकर महसूस हुआ। वर्षों पुरानी दोस्ती को पुलकित ने कुछ शब्दों में समेटते हुए साफ कर दिया, अली की सफलता उनके लिए सिर्फ जश्न का मौका नहीं, बल्कि दोस्त के लंबे संघर्ष और जिद की जीत भी है।