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मोतिहारी। बिहार के पूर्वी चंपारण जिले में भारत-नेपाल सीमा से लेकर शहर के चौक-चौराहों और सार्वजनिक स्थलों तक मादक पदार्थों के अवैध कारोबार पर शिकंजा कसने की तैयारी तेज हो गई है। पूर्वी चंपारण में पिछले एक महीने के दौरान एनडीपीएस एक्ट के तहत 33 मामले दर्ज कर 44 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है जबकि कार्रवाई में 775 किलोग्राम गांजा, एक किलोग्राम चरस, 24 ग्राम स्मैक और 16.60 लाख रुपये नकद समेत कई वाहन और मोबाइल जब्त किए गए हैं। जिलाधिकारी सौरभ सुमन यादव ने पुलिस और सीमा सुरक्षा बलों को बेहतर समन्वय के साथ नियमित छापेमारी जारी रखने और पकड़े जाने वाले लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई का निर्देश दिया है। एक महीने का हिसाब: 33 केस, 44 गिरफ्तार सोमवार को समाहरणालय स्थित डॉ. राजेंद्र प्रसाद सभागार में हुई जिला स्तरीय नार्को-कोऑर्डिनेशन यानी एनकॉर्ड की बैठक में पिछले एक महीने की कार्रवाई का पूरा ब्योरा सामने रखा गया। पुलिस की ओर से बताया गया कि इस अवधि में एनडीपीएस एक्ट के तहत 33 मामले दर्ज किए गए और 44 अभियुक्त गिरफ्तार किए गए। कार्रवाई के दौरान 775 किलोग्राम गांजा, एक किलोग्राम चरस और 24 ग्राम स्मैक जब्त की गई। ड्रग्स के साथ हथियार, मोबाइल और लाखों रुपये भी जब्त पुलिस की कार्रवाई केवल मादक पदार्थों की बरामदगी तक सीमित नहीं रही। पिछले एक महीने में एक पिस्तौल, 18 मोबाइल फोन, 10 मोटरसाइकिल, पांच चारपहिया वाहन और एक ट्रक भी जब्त किया गया। इसके अलावा पुलिस ने 16.60 लाख रुपये नकद और 9,000 नेपाली रुपये बरामद किए। अब प्रशासन का जोर कार्रवाई को और व्यापक बनाने और अलग-अलग एजेंसियों के बीच तालमेल मजबूत करने पर है। रक्सौल-ढाका पर खास नजर, आदापुर-घोड़ासहन संवेदनशील भारत-नेपाल सीमा से जुड़े इलाकों को लेकर बैठक में विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने खासकर रक्सौल और ढाका अनुमंडल में पुलिस और सशस्त्र सीमा बल यानी एसएसबी को नियमित संयुक्त छापेमारी अभियान चलाने को कहा। नेपाल सीमा से सटे आदापुर और घोड़ासहन को नारकोटिक्स के मामले में संवेदनशील बताते हुए इन क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने का निर्देश दिया गया है। पुलिस-एसएसबी मिलकर बनाएंगे रणनीति श्री यादव ने सीमा सुरक्षा बल और स्थानीय पुलिस को तस्करी के खिलाफ संयुक्त अभियान चलाने पर जोर दिया। निरोधात्मक कार्रवाई में लगे अधिकारियों को स्थानीय थाने को जानकारी देने और बेहतर समन्वय बनाए रखने का निर्देश दिया गया। अनुमंडल स्तर पर भी पुलिस प्रशासन, एसएसबी, ड्रग कंट्रोल और कृषि विभाग के अधिकारियों को बैठक कर प्रभावी रणनीति तैयार करने के लिए कहा गया है। एक महीने में एसएसबी ने जब्त किया 75,848 किलो उर्वरक बैठक में सीमा क्षेत्र से जुड़ा एक और बड़ा आंकड़ा सामने आया। 71वीं बटालियन सशस्त्र सीमा बल के कमांडेंट ने बताया कि पिछले एक महीने में उर्वरक से संबंधित 11 मामले दर्ज किए गए और कुल 75,848 किलोग्राम उर्वरक जब्त किया गया।यानी करीब 75.84 टन उर्वरक की जब्ती हुई। सीमावर्ती इलाकों में सतर्कता बढ़ाने के साथ ही अंतर-जिला समन्वय को और मजबूत करने पर भी जोर दिया गया है। नारकोटिक्स के साथ मानव तस्करी पर भी नजर एसएसबी अधिकारियों ने बैठक में स्थानीय पुलिस के सहयोग से नारकोटिक्स और मानव तस्करी के खिलाफ की गई कार्रवाई की जानकारी दी। इसके साथ ही ड्रग्स की दुकानों पर लगातार की जा रही छापेमारी के बारे में भी बताया गया। प्रशासन की रणनीति सीमा पर बरामदगी तक सीमित रहने के बजाय अलग-अलग स्तरों पर निगरानी और कार्रवाई बढ़ाने की है। रक्सौल चेकपोस्ट पर सात किलो गांजा, दो गिरफ्तार सहायक आयुक्त मद्य निषेध ने बैठक में लक्ष्मीपुर-रक्सौल चेकपोस्ट पर हुई कार्रवाई का भी ब्योरा दिया। यहां एक मोटरसाइकिल के साथ सात किलोग्राम गांजा बरामद किया गया और दो अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया। इस मामले में रक्सौल थाना कांड संख्या 460/26, दिनांक 31 अगस्त 2026 दर्ज किया गया है। बैठक में 2.31 किलोग्राम गांजा की एक अन्य बरामदगी की जानकारी भी दी गई। युवाओं पर खास नजर, चौक-चौराहों पर बढ़ेगी निगरानी पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात ने ड्रग्स के सेवन को लेकर भी सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने अनुमंडल पदाधिकारियों, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारियों और थाना प्रभारियों को नशीले पदार्थों का सेवन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने को कहा। खासकर युवाओं और असामाजिक तत्वों पर नजर रखने तथा चौक-चौराहों और सार्वजनिक स्थानों के आसपास निगरानी बढ़ाने का निर्देश दिया गया।कार्रवाई का दायरा केवल नारकोटिक्स तक सीमित नहीं रहेगा।जिलाधिकारी ने ड्रग इंस्पेक्टर और फूड अफसर को दुकानों की लगातार जांच करने का निर्देश दिया है। आगामी पर्व-त्योहारों को देखते हुए रक्सौल, ढाका और अरेराज समेत सभी अनुमंडलों में बड़े मिष्ठान भंडारों और अन्य दुकानों की जांच सुनिश्चित करने को कहा गया है। सीमा से बाजार तक समन्वित कार्रवाई पर जोर एनकॉर्ड की बैठक में 71वीं, 20वीं और 47वीं बटालियन के कमांडेंट , सभी अनुमंडल पदाधिकारी और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, औषधि नियंत्रक, अधीक्षक मद्य निषेध, डीपीओ आईसीडीएस, जिला शिक्षा पदाधिकारी, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी और नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो, मोतिहारी के प्रतिनिधि समेत संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।