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कटिहार। बिहार में कटिहार जिले के बारसोई प्रखंड स्थित माहीनगर प्राथमिक विद्यालय में लगातार नौ दिनों तक बच्चों को मिड-डे मील नहीं मिलने के मामले में शिक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रधान शिक्षिका वंदना सिन्हा को निलंबित कर दिया है। मामला सामने आने के बाद विभाग ने जांच कराई, जिसमें मध्याह्न भोजन के संचालन में जानबूझकर अनियमितता बरतने और ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर इसके संचालन की प्रविष्टि दर्ज किए जाने की बात सामने आने के बाद जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने निलंबन की कार्रवाई की। नौ दिनों तक नहीं बना मिड-डे मील मामला बारसोई प्रखंड क्षेत्र के माहीनगर प्राथमिक विद्यालय का है। विद्यालय में लगातार नौ दिनों तक मध्याह्न भोजन नहीं बनाया गया । इसका सीधा असर स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों पर पड़ा, जिन्हें निर्धारित दिनों में मिड-डे मील नहीं मिल सका। स्कूल में भोजन का इंतजार करते बच्चों और लगातार कई दिनों तक मिड-डे मील नहीं बनने का मामला सामने आने के बाद शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठे। जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए अपने स्तर से इसकी जांच कराई। जांच का फोकस इस बात पर था कि आखिर इतने दिनों तक स्कूल में मिड-डे मील क्यों नहीं बना और विभागीय रिकॉर्ड में इसकी क्या स्थिति दिखाई गई। जांच में सही मिला मामला, प्रधान शिक्षिका पर कार्रवाई जांच पूरी होने के बाद विद्यालय में मध्याह्न भोजन नहीं बनने का मामला सही पाया गया। इसके बाद प्रधान शिक्षिका वंदना सिन्हा के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की गई और उन्हें निलंबित कर दिया गया।जांच में प्रधान शिक्षिका की ओर से मध्याह्न भोजन के संचालन में जानबूझकर अनियमितता बरतने की बात सामने आई। स्कूल में खाना नहीं, ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर संचालन दर्ज इस मामले में सबसे गंभीर बात ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर दर्ज विवरण को लेकर सामने आई है। विज्ञप्ति के मुताबिक, स्कूल में मध्याह्न भोजन के संचालन में अनियमितता के बावजूद ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर मध्याह्न भोजन का संचालन दर्ज किया गया था , जिसे जांच में नियमों के विरुद्ध पाया गया। यानी जमीनी स्तर पर मिड-डे मील नहीं बनने और पोर्टल पर उसके संचालन की प्रविष्टि होने के बीच सामने आए अंतर ने मामले को और गंभीर बना दिया। राशि गबन की नीयत से अनियमितता का आरोप जांच के बाद प्रधान शिक्षिका द्वारा राशि के गबन की नीयत से जानबूझकर अनियमितता बरतने की बात सामने आई। इसी आधार पर जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने निलंबन की कार्रवाई की है। हालांकि यह जांच में सामने आया विभागीय आरोप है और उपलब्ध सूचना में किसी न्यायिक स्तर पर गबन सिद्ध होने का उल्लेख नहीं किया गया है। निलंबन के बाद प्रधान शिक्षिका वंदना सिन्हा का मुख्यालय भी निर्धारित कर दिया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय, डंडखोरा रहेगा।



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