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पटना: बिहार में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का अभेद्य किला समझी जाने वाली पटना की बांकीपुर विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव में जन सुराज के उम्मीदवार प्रशांत किशोर (पीके) ने इस चुनाव को राज्य में सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) सरकार के चाल, चरित्र, चेहरे और कामकाज पर जनमत संग्रह बताते हुए आज कहा कि भाजपा को हराने के लिए उन्हें जो कुछ भी पड़ेगा, वह करेंगे। पीके ने रविवार को जन सुराज की कोर कमेटी की बैठक के बाद संवाददाता सम्मेलन में कहा कि पार्टी के नेताओं, पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने उन पर जो भरोसा जताया है, उसके लिए वह आभारी हैं। उन्होंने कहा कि पिछले चार वर्षों से जन सुराज ही उनका जीवन है और आगे भी उनका पूरा ध्यान इसी अभियान को आगे बढ़ाने पर रहेगा। पीके ने कहा कि बांकीपुर से चुनाव लड़ने की जिम्मेदारी को वह बिहार में बदलाव की लड़ाई का अहम कदम मानते हैं और इसे पूरी ईमानदारी से निभाएंगे। बांकीपुर की जीत से जन सुराज के बदलाव की सोच को ताकत मिलेगी श्री किशोर ने कहा कि 2025 विधानसभा चुनाव के बाद जन सुराज से जुड़े लाखों लोगों में निराशा थी लेकिन अगर बांकीपुर में पार्टी को जीत मिलती है तो इससे बिहार बदलाव की सोच को नई ऊर्जा मिलेगी। उन्होंने कहा कि पिछले डेढ़ महीने से बांकीपुर के मतदाता और कार्यकर्ता लगातार यह कह रहे थे कि बिहार में बदलाव के लिए उन्हें खुद मैदान में उतरकर चुनाव लड़ना चाहिए। अगर जनता का आशीर्वाद मिला तो वह बांकीपुर की भावनाओं, अपेक्षाओं और जरूरतों के अनुरूप काम करने की पूरी कोशिश करेंगे । बांकीपुर उपचुनाव सम्राट चौधरी सरकार पर जनता का फैसला होगा पीके ने इस चुनाव को सीधे-सीधे सम्राट चौधरी सरकार के प्रदर्शन से जोड़ते हुए कहा कि बांकीपुर का उपचुनाव पिछले छह महीने से चल रही एनडीए सरकार के कामकाज, नीति, नियम, चाल, चरित्र और चेहरे पर जनता का फैसला होगा। उन्होंने कहा कि अगर भाजपा यह चुनाव जीतती है तो माना जाएगा कि बिहार की जनता सरकार की नीति और नेतृत्व से सहमत है लेकिन अगर भाजपा हारती है तो यह साफ संदेश होगा कि जनता मौजूदा सरकार की दिशा और तौर-तरीकों को स्वीकार नहीं कर रही है। सम्राट चौधरी पर जनता को भरोसा नहीं, पीछे के दरवाजे से बनाए गए मुख्यमंत्री श्री किशोर ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि बिहार का बड़ा जनमानस उनके चाल, चरित्र और चेहरे पर भरोसा नहीं करता। उन्होंने कहा कि सम्राट चौधरी को जनता ने चुनकर मुख्यमंत्री नहीं बनाया बल्कि उन्हें पीछे के दरवाजे से मुख्यमंत्री बनाया गया है। जनता ने तो श्री नीतीश कुमार के नाम पर वोट दिया था, ऐसे में सम्राट चौधरी के नेतृत्व की वैधता और स्वीकार्यता दोनों पर सवाल है। सरकार नहीं बदलेगी लेकिन बिहार की राजनीति की दिशा बदल सकती है श्री किशोर ने कहा कि बांकीपुर सीट का नतीजा भले सरकार न बदले लेकिन यह बिहार की राजनीति की दिशा बदलने वाला चुनाव साबित हो सकता है। उन्होंने बांकीपुर को बिहार की सबसे प्रबुद्ध और समृद्ध सीटों में एक बताते हुए कहा कि यहां की जनता के कंधों पर यह जिम्मेदारी है कि वह सबसे योग्य उम्मीदवार को चुने और सरकार की नीतियों पर अपना फैसला सुनाए। कोर कमिटी ने पीके के नाम पर लगाई मुहर इससे पहले जन सुराज के प्रदेश अध्यक्ष मनोज भारती ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में घोषणा की कि पार्टी की कोर कमिटी की बैठक में सर्वसम्मति से प्रशांत किशोर को बांकीपुर उपचुनाव का उम्मीदवार बनाया गया है। इस मौके पर पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी भी मौजूद रहे।