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मोतिहारी। बिहार के पूर्वी चंपारण जिले में विवाहिता मनीषा देवी की संदिग्ध मौत के मामले में कथित प्रताड़ना का वीडियो सामने आने के बाद मृतका के भाई ने ससुराल वालों पर हत्या कर शव को आत्महत्या का रूप देने और बिना पोस्टमार्टम अंतिम संस्कार कर साक्ष्य मिटाने का आरोप लगाया है, जिसके आधार पर संग्रामपुर पुलिस ने चाची सास, चचेरे देवर और ननद समेत तीन लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मौत के बाद आनन-फानन में अंतिम संस्कार का आरोप गोविन्दगंज थाना क्षेत्र के झाखरा गांव निवासी पूरन कुमार सिंह ने संग्रामपुर थाने में लिखित शिकायत दी है। उनका आरोप है कि उनकी बहन मनीषा देवी की मौत के बाद ससुराल पक्ष ने उसके फांसी लगाकर आत्महत्या करने की बात कही। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि पुलिस को सूचना दिए और पोस्टमार्टम कराए बिना ही शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया। कुछ दिनों बाद मायके पक्ष को एक कथित वीडियो मिला, जिसके बाद परिवार ने मनीषा की मौत को लेकर गंभीर सवाल उठाए। वीडियो में प्रताड़ना का आरोप दर्ज प्राथमिकी के अनुसार, कथित वीडियो में मनीषा के साथ मारपीट किए जाने के दृश्य होने का दावा किया गया है। मृतका के भाई का आरोप है कि पहले मनीषा की पिटाई की गई, फिर उसके हाथ-पैर बांधे गए और कपड़े से गले में फंदा लगाकर उसकी हत्या कर दी गई। इसके बाद घटना को आत्महत्या का रूप देने के लिए शव को लटकाने का भी आरोप लगाया गया है। हालांकि, वीडियो में दिखाई दे रही परिस्थितियों और लगाए गए आरोपों की सत्यता की जांच पुलिस कर रही है। चाची सास, चचेरे देवर और ननद नामजद मामले में ससुराल पक्ष के तीन लोगों को नामजद आरोपी बनाया गया है। इनमें चाची सास किरण देवी , चचेरा देवर रितिक कुमार और ननद निकु कुमारी शामिल हैं। तीनों नंदपुर परसौना, थाना संग्रामपुर के निवासी बताए गए हैं। मृतका के भाई ने इन तीनों पर मनीषा की हत्या और उसके बाद साक्ष्य मिटाने का गंभीर आरोप लगाया है। कांड संख्या 356/2026 दर्ज संग्रामपुर पुलिस ने मामले में कांड संख्या 356/2026 दर्ज किया है। भारतीय न्याय संहिता यानी बीएनएस की धारा 103(1), 238 और 3(5) के तहत केस दर्ज किया गया है। मामले की जांच संग्रामपुर थाने के सब-इंस्पेक्टर प्रमोद कुमार को सौंपी गई है। वीडियो की होगी फॉरेंसिक जांच पुलिस कथित वीडियो और उपलब्ध फुटेज का तकनीकी एवं वैज्ञानिक परीक्षण करा रही है। इसके साथ ही आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर आगे की कार्रवाई की जा रही है। अब जांच का अहम बिंदु यह होगा कि सामने आया वीडियो कब और किन परिस्थितियों में रिकॉर्ड किया गया, उसमें दिखाई दे रहे घटनाक्रम की वास्तविकता क्या है और मनीषा की मौत किन परिस्थितियों में हुई। इन सवालों के जवाब पुलिस की जांच और फॉरेंसिक परीक्षण के बाद सामने आने की उम्मीद है।